SHAKTI
Track

Khush Nahi

Album:SHAKTI

Intel / Context

Brief

"Khush Nahi" delves into feelings of disillusionment and a search for meaning. The artists grapple with internal struggles, questioning societal norms, and expressing a sense of detachment from their surroundings and personal relationships.

Type
Track
Vibe
Introspective

Written By

Seedhe Maut

Lyrics / Hindi

CALM & ENCORE ABJ

तेरी आँखें खुश नहीं, मुझे कहती कुछ नहीं

तेरी आँखें खुश नहीं, मुझे कहती कुछ नहीं

कवि ने सीखा क्या है करना प्यार, पहले था वो अंधा यार

हवस में ढूंढे प्यार, हैं वो अंधा प्यार

दबाया beast आया बंदा बहार, हुआ उसे close जैसे बंद आकर

धंधा करता jamnapaar

कवि ने सीखा क्या हैं लड़ना यार

देखी क्या है हिम्मत, क्या है इज़्ज़त, क्या है खुद-ब-खुद में मरना यार

तो अब इन घाव से मैं नहीं डरता यार

आंसुओं से लड़ता नही जब करता हु मैं अपने बीते कल को याद

CALM

नही लड़ता आंसुओं से, कर नही पाता कल को याद मैं

कर नही पाता मन को शांत , तो आता है गीत और पेन ये काम में

कोसू खुदको, गाली देता हूँ करता जब भी snooze alarm

हैं homies सोचें, "कैसे फूंकेगा" मैं सूरज निकल कहा से (Uh,)

करूँ मैं खुदसे वादे, इस बार देखें कब तक निभाते

दर्द पे मिट्टी पा के, मर मरा के, आ गए यहाँ पे

सब ठीक है video में पर कुछ चीज़ें तुम देख नही पाते

पसीना, खून नही दिखता है जब ये चैनें चमके यहाँ पे

करता fair काम, नही पता दिल कहाँ है

Nowhere to be found, woh nahi karta choose sides

सुनूँ आज कल दुनिया की, दिल और भी जनाये

It's like I am on my own जब भी कलम रुक जाए

ENCORE ABJ

कवि ने सिखा क्या हैं?

कवि ने सिखा क्या हैं?

कवि ने सिखा-

कवि ने सिखा क्या हैं?

CALM

तेरी आँखें खुश नहीं, मुझे कहती कुछ नहीं

तेरी आँखें खुश नहीं, मुझे कहती कुछ नहीं

ENCORE ABJ

दर्द मुझे दिखता है

तु कहती नहीं है कुछ पर तेरा दर्द मुझे दिखता है

तेरी आँखें है दिखाती, तेरा दर्द मुझको दिखता है

मेरे शब्दों में क्या कोई हमदर्द तुझको दिखता है? (नहीं)

दिखे न दिखे, तेरा दर्द मुझको दिखता है

मुझको दिखती है उदासी, तेरा शक मुझको दिखता है

तेरे बहते आंसुओं पे तेरा हक मुझको दिखता है

मुझे दिखती तू, और तुझमे अपना फ़र्ज़ मुझको दिखता है

अग्निपथ पे चल पड़ा, अब आगे नरक मुझको दिखता हैं

आग लग रही है, तेरा दम घुट रहा है, तेरी साँस चढ़ रही है

मेरी ज्वाला के आगे ये अग्नि झाँट भर नहीं है

तू बस बोलना तुझे चाहिए क्या, बोलना तुझे चाहिए क्या

पहला, उसको चाहिए सच्चा साथी

दूजा, उसको चाहिए ऐसा मर्द जो गलती पे ले मांग माफ़ी

और तीजा, उसको चाहिए जो है हर जगह, और हर जगह है ना भी

उसको चाहिए प्यार, उसको चाहिए प्यार

कवि ने सीखा क्या है करना प्यार, पहले था वो अंधा यार

हवस में ढूंढे प्यार, हैं वो अंधा प्यार

दबाया beast आया बंदा बहार, हुआ उसे close जैसे बंद आकर

धंधा करता jamnapaar

कवि ने सीखा क्या हैं लड़ना यार

देखी क्या है हिम्मत, क्या है इज़्ज़त, क्या है खुद-ब-खुद में मरना यार

तो अब इन घाव से मैं नहीं डरता यार

आंसुओं से लड़ता नही जब करता हु मैं अपने बीते कल को याद

Battle Reports

ENCORE
VS
CALM
244238
Words
2824
Bars
127146
Vocab
2422
Flow Streak